HUKKAH BAR JUDGEMENT : राज्य सरकार की ज़ोरदार बहस के बाद हुक्का बार पर लगा प्रतिबन्ध, हाई कोर्ट लखनऊ ने दिया फैसला
‘सेल्फ-सर्विस’ और ‘उपकरण किराए पर देने’ के तर्क को पूरी तरह खारिज कर दिया. हुक्का तैयार करने की प्रक्रिया जिसमें […]
‘सेल्फ-सर्विस’ और ‘उपकरण किराए पर देने’ के तर्क को पूरी तरह खारिज कर दिया. हुक्का तैयार करने की प्रक्रिया जिसमें […]
महासचिव ने सभी अधिवक्ताओं से कहा है कि वे अपने अधीन कार्य करने वाले कनिष्ठ अधिवक्ताओं, अधिवक्ता क्लर्कों और लॉ
न्यूज़क्लिक ने दलील दी थी कि इन कार्रवाइयों का उद्देश्य पत्रकारों समेत विभिन्न लोगों में डर का माहौल पैदा करना
राज्य चुनाव आयोग ने बताया कि मतदाता सूची 10 जून 2026 को प्रकाशित हो चुकी है और वे चुनाव कराने
अदालत ने बेहद सख्त लहजे में टिप्पणी की कि जब हाईकोर्ट द्वारा सीधे मॉनिटर किए जा रहे किसी मामले को
बुधवार को एक जनहित याचिका पर सुनवाई करते हुए जारी किए जिसमे साफ तौर पर कहा गया हैं कि कार्यकाल
न्यायाधीश विनोद दिवाकर ने तल्ख टिप्पणी करते हुए कहा कि उत्तर प्रदेश के सभी 75 जिलों के जिला मजिस्ट्रेटों (DMS),
जुल्फिकार पठान ने कहा, हाई कोर्ट का फैसला पूरी तरह से पढ़ा नहीं है. इसमें जो त्रुटियां हैं, उसको लेकर
एसएसपी द्वारा दाखिल हलफनामे की समीक्षा करते हुए अदालत ने गहरा असंतोष व्यक्त किया और इसे “भ्रामक” करार दिया. कोर्ट
जज ने वकील की वरिष्ठता और उनके पेशेवर आचरण पर सवाल उठाते हुए पुलिस को बुलाया और मौखिक रूप से